Balodabazar | राज्यों से

बलौदाबाजार रामदैया में चला बुलडोजर

स्कूल की जमीन पर बना दो मंजिला मकान जमींदोज

बलौदाबाजार। छत्तीसगढ़ के बलौदाबाजार जिले में अतिक्रमण के खिलाफ प्रशासन ने बड़ी और सख्त कार्रवाई करते हुए एक दो मंजिला पक्के मकान पर बुलडोजर चलाया है।

स्कूल की जमीन पर सालों से कब्जा कर अवैध रूप से मकान बना दिया गया

 

यह कार्रवाई भाटापारा तहसील अंतर्गत रामदैया गांव में की गई, जहां स्कूल की शासकीय भूमि पर वर्षों से अवैध कब्जा कर मकान बनाया गया था। शुक्रवार दोपहर करीब 12 बजे पुलिस और राजस्व विभाग की संयुक्त टीम भारी अमले के साथ मौके पर पहुंची और पूरे अवैध निर्माण को ध्वस्त कर दिया. कार्रवाई के दौरान गांव में बड़ी संख्या में लोग मौजूद रहे और पूरे घटनाक्रम को देखते रहे।



स्कूल की जमीन पर बना लिया था पक्का मकान

 

गांव के ही एक दबंग व्यक्ति ने स्कूल की शासकीय भूमि पर कब्जा कर कई साल पहले दो मंजिला पक्का मकान बना लिया था।ग्रामीणों का आरोप था कि इस मामले की कई बार शिकायतें भी हुईं, लेकिन कार्रवाई नहीं होने से लोगों में नाराजगी बढ़ती जा रही थी। धीरे-धीरे यह मामला पूरे गांव में चर्चा का विषय बन गया था। ग्रामीण लगातार प्रशासन से अतिक्रमण हटाने की मांग कर रहे थे।



मुख्यमंत्री के सामने फूटा ग्रामीणों का गुस्सा

 

हाल ही में विष्णु देव साय सुशासन तिहार कार्यक्रम के तहत इस क्षेत्र में पहुंची थी। इस दौरान ग्रामीणों ने मुख्यमंत्री से सीधे मुलाकात कर स्कूल की जमीन पर हुए कब्जे की शिकायत की। लोगों ने कहा कि सरकारी जमीन पर अवैध निर्माण होने के बावजूद वर्षों से कोई कार्रवाई नहीं की जा रही है। ग्रामीणों की शिकायत को गंभीरता से लिया गया और इसके बाद प्रशासन सक्रिय हो गया।



शुक्रवार दोपहर पहुंचा बुलडोजर

 

मुख्यमंत्री तक मामला पहुंचने के बाद प्रशासन ने तेजी दिखाई। शुक्रवार को राजस्व विभाग और पुलिस की संयुक्त टीम गांव पहुंची। कार्रवाई के दौरान मौके पर भारी पुलिस बल तैनात किया गया था ताकि किसी तरह की अप्रिय स्थिति पैदा न हो। प्रशासनिक अधिकारियों की मौजूदगी में बुलडोजर चलाकर दो मंजिला मकान को तोड़ना शुरू किया गया. कुछ ही घंटों में पूरा अवैध निर्माण मलबे में तब्दील हो गया।



गांव में तनाव, लेकिन प्रशासन रहा अलर्ट

 

कार्रवाई को देखते हुए गांव में तनाव की स्थिति भी बनी रही. हालांकि पुलिस बल की मौजूदगी के कारण स्थिति नियंत्रण में रही।अधिकारियों ने पहले से ही सुरक्षा के व्यापक इंतजाम किए थे. आसपास के इलाकों में भी पुलिस की निगरानी बढ़ा दी गई थी। ग्रामीणों की भीड़ लगातार मौके पर मौजूद रही और कई लोग प्रशासनिक कार्रवाई का समर्थन करते नजर आए।



ग्रामीणों में दिखा संतोष

 

लंबे समय से अतिक्रमण हटाने की मांग कर रहे ग्रामीणों ने इस कार्रवाई पर संतोष जताया। लोगों का कहना था कि स्कूल की जमीन बच्चों और गांव के भविष्य के लिए जरूरी है और उस पर कब्जा होना गलत था। ग्रामीणों का मानना है कि अगर समय रहते कार्रवाई नहीं होती तो आने वाले समय में और भी सरकारी जमीनों पर कब्जे बढ़ सकते थे।



प्रशासन का सख्त संदेश

 

अधिकारियों ने स्पष्ट कहा है कि शासकीय भूमि पर कब्जा करने वालों के खिलाफ आगे भी इसी तरह की सख्त कार्रवाई जारी रहेगी। प्रशासन का कहना है कि सरकारी जमीन जनता की संपत्ति होती है और उस पर किसी भी प्रकार का अवैध कब्जा बर्दाश्त नहीं किया जाएगा। इस कार्रवाई को जिले में अतिक्रमण के खिलाफ एक बड़ा संदेश माना जा रहा है।